Browse songs by

badanasiibii kaa gilaa ai dil\-e\-naashaad na kar

Back to: main index
View: Plain Text, हिंदी Unicode, image


बदनसीबी का गिला ऐ दिल-ए-नाशाद न कर
हाय फ़रियाद न कर

हर घड़ी ऐश का सामान कहाँ रहता है
ज़िंदगी भर कोई महमान कहाँ रहता है
ग़म बड़ी चीज़ है इस चीज़ को बरबाद न कर

रोने वाले तेरे रोने पे हँसी आती है
जो घड़ी बीत गयी वो भी कभी आती है
जब वो ज़िन्ना नहीं तब से तो उन्हें याद न कर

ये तेरा अश्क़ बहाना कभी और आहें भरना
प्यार की रित नहीं प्यार को रुसवा करना
घुट के मर जा मगर ऐ दिल कभी फ़रियाद न कर

Comments/Credits:

			 % Transliterator: K Vijay Kumar
		     
View: Plain Text, हिंदी Unicode, image